तालाब की बंधी टूटने से बेघर हुए प्रभावित परिवारों से मिले विधायक, हर संभव मदद का दिया ठोस भरोसा
आपदा की हर घड़ी में प्रभावित परिवारों के साथ मजबूती से खड़ी है प्रदेश सरकार डॉ. अनिल कुमार मौर्य
एसडीएम घोरावल विशाल कुमार की उपस्थिति में प्रभावितों से संवाद कर जानीं आवश्यकताएं, राहत कार्यों का लिया जायजा
घोरावल/सोनभद्र । अजीत प्रताप सिंह।
घोरावल तहसील क्षेत्र अंतर्गत ग्राम बेलवनिया में पहाड़ी ढलान से आए पानी के कारण तालाब की मिट्टी की बंधी टूटने से बेघर व प्रभावित हुए परिवारों की मदद के लिए जन प्रतिनिधि और प्रशासन मुस्तैदी से जुट गए हैं। बुधवार को माननीय विधायक घोरावल डॉ. अनिल कुमार मौर्य बेलवनिया गांव पहुँचे और जलभराव से प्रभावित परिवारों के बीच खाद्यान्न व आवश्यक सामग्रियों से युक्त राहत किट का वितरण किया।
इस दौरान विधायक ने राहत शिविर (पंचायत भवन) में ठहरे प्रभावित ग्रामीणों से सीधा संवाद कर उनका कुशलक्षेम जाना, उनकी समस्याओं एवं दैनिक आवश्यकताओं की जानकारी ली तथा आपदा की इस घड़ी में उन्हें हर संभव शासकीय व व्यक्तिगत सहायता उपलब्ध कराने का भरोसा दिलाया। प्रभावित परिवारों को राहत सामग्री सौंपते हुए विधायक डॉ. अनिल कुमार मौर्य ने कहा कि प्रदेश की यशस्वी सरकार आपदा की प्रत्येक कठिन परिस्थिति में प्रभावित परिवारों के साथ पूरी मजबूती से खड़ी है। प्राकृतिक आपदा या जलभराव से प्रभावित लोगों तक त्वरित राहत पहुँचाने के लिए शासन और प्रशासन द्वारा निरंतर आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि बेघर हुए 11 परिवारों समेत सभी प्रभावित ग्रामीणों को भोजन, रहने, चिकित्सा और राशन की किसी भी प्रकार की कठिनाई नहीं होने दी जाएगी। शासन के नियमानुसार सभी पीड़ितों को आपदा राहत कोष से अनुमन्य अहेतुक सहायता और मुआवजा शीघ्रातिशीघ्र उपलब्ध कराया जाएगा। स्थल निरीक्षण के दौरान विधायक डॉ. अनिल कुमार मौर्य ने उप जिलाधिकारी (SDM) घोरावल विशाल कुमार व मौके पर मौजूद प्रशासनिक अधिकारियों से क्षेत्र में चलाए जा रहे राहत एवं बचाव कार्यों की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि गांव और घरों में जमा पानी की निकासी का कार्य युद्धस्तर पर जारी रखा जाए। अस्थायी आश्रय स्थल पर ठहरे परिवारों के लिए स्वच्छ पेयजल, गुणवत्तापूर्ण भोजन और स्वास्थ्य जांच की निरंतर व्यवस्था बनी रहे। प्रभावित मकानों व खाद्यान्न नुकसान का पारदर्शी आकलन कर रिपोर्ट तैयार की जाए ताकि मुआवजा जल्द से जल्द मिल सके। इस अवसर पर उप जिलाधिकारी घोरावल विशाल कुमार, तहसील प्रशासन के अधिकारी, राजस्व निरीक्षक, हलका लेखपाल, स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं भारी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।

