गाजीपुर। बिराईच स्थित तेज सिंह प्रत्यायन चालन परीक्षण केंद्र में शुक्रवार दोपहर करीब 12:30 बजे उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब यूपी पुलिस की 112 सेवा की एक पीआरवी (पब्लिक रिस्पांस व्हीकल) कथित तौर पर प्रशिक्षण के दौरान अनियंत्रित होकर केंद्र की बाउंड्रीवाल तोड़ते हुए पानी से लबालब धान के खेत में जा कूदी।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, प्रशिक्षण के दौरान 112 की गाड़ी किसका नंबर है UP32 DG 5632 अचानक अनियंत्रित हो गई और तेज सिंह प्रत्यायन चालन परीक्षण केंद्र की बाउंड्रीवाल को तोड़ते हुए खेत में जा पहुंची। हादसे में पीआरवी के आगे का हिस्सा क्षतिग्रस्त होने की बात सामने आई है। घटना के बाद मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों में हड़कंप मच गया।
बताया जा रहा है कि हादसे के बाद 112 वाहन में ड्यूटी पर तैनात सिपाही और दरोगा वर्दी में ही धान के खेत में उतरकर वाहन को बाहर निकालने के प्रयास में जुटे रहे। खेत में पानी और धान की फसल होने के कारण पुलिसकर्मियों को वाहन तक पहुंचने और उसे बाहर निकालने में काफी मशक्कत करनी पड़ी।
संकट में मदद के लिए तैनात है यूपी-112
यूपी-112 की पीआरवी का मुख्य उद्देश्य संकट में फंसे नागरिकों तक न्यूनतम समय में पुलिस सहायता पहुंचाना है। इसके अलावा आवश्यकता पड़ने पर एंबुलेंस और अग्निशमन विभाग से संबंधित सहायता भी उपलब्ध कराने में यह सेवा महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। पीआरवी वाहन विभिन्न क्षेत्रों में लगातार गश्त कर लोगों को सुरक्षा का भरोसा दिलाते हैं।
ऐसे में प्रशिक्षण के दौरान यूपी-112 की गाड़ी के अनियंत्रित होकर बाउंड्रीवाल तोड़ते हुए खेत में जा गिरने की घटना ने वाहन संचालन और प्रशिक्षण की प्रक्रिया को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।
हालांकि हादसा किस कारण हुआ और वाहन कौन चला रहा था, इसकी आधिकारिक जानकारी अभी सामने नहीं आई है। यह भी स्पष्ट नहीं हो सका है कि दुर्घटना के समय वाहन की गति कितनी थी और प्रशिक्षण के दौरान सुरक्षा के लिए क्या-क्या इंतजाम किए गए थे।
मामले में पुलिस विभाग की ओर से आधिकारिक बयान मिलने के बाद दुर्घटना के वास्तविक कारणों और नुकसान की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

