ओबरा। उत्तर प्रदेश की सबसे बड़ी नगर पंचायत ओबरा जनपद सोनभद्र से जुड़े कथित अनियमितताओं एवं प्रशासनिक कार्यप्रणाली को लेकर मामला अब शासन स्तर तक पहुंच गया है। प्राप्त शिकायतों और उपलब्ध दस्तावेजों के आधार पर शासन ने प्रकरण को गंभीर मानते हुए जांच के आदेश जारी कर दिए हैं।माननीय मुख्यमंत्री जी के संज्ञान में मामला आने के उपरांत प्रमुख सचिव, नगर विकास विभाग के निर्देश पर उप सचिव राजेश्वरी प्रसाद द्वारा जिलाधिकारी सोनभद्र को निर्देशित किया गया है कि पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच कर तथ्यात्मक आख्या शासन को शीघ्र उपलब्ध कराई जाए।नगर विकास अनुभाग-1, लखनऊ से जारी पत्र संख्या /1330497/2026/9-1099/70/2026 दिनांक 15 मई 2026 में शिकायतकर्ता श्री राकेश केशरी ओबरा द्वारा प्रेषित अभ्यावेदन का उल्लेख करते हुए मामले को जांच योग्य श्रेणी में रखा गया है।शिकायत में नगर पंचायत ओबरा से संबंधित विभिन्न कार्यों में नियमों की अनदेखी, वित्तीय प्रक्रियाओं में पारदर्शिता को लेकर उठे सवालों तथा प्रशासनिक स्तर पर कथित अनियमितताओं की जांच की मांग की गई है। साथ ही माननीय उच्च न्यायालय इलाहाबाद के आदेशों के अनुपालन को लेकर भी शिकायत में गंभीर बिंदु उठाए गए हैं।नगर विकास विभाग ने स्पष्ट किया है कि सभी आरोपों की निष्पक्ष जांच की जाएगी तथा किसी भी स्तर पर अनियमितता पाए जाने पर नियमानुसार कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। मामला: नगर पंचायत ओबरा सोनभद्र
आदेश तिथि: 15 मई 2026 प्रकरण को लेकर क्षेत्र में चर्चाओं का दौर जारी है। जबकि अब सबकी नजरें जिला प्रशासन की जांच रिपोर्ट और आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।
ओबरा नगर पंचायत मामला गरमाया मुख्यमंत्री कार्यालय संज्ञान के बाद जांच तेज शासन सक्रिय
Related Posts
Add A Comment

